वैश्विक वायु गुणवत्ता रिपोर्ट 2019 में गाजियाबाद को विश्व का सबसे प्रदूषित शहर बताया गया। रिपोर्ट में खासकर पीएम 2.5 को फोकस किया गया है। इसी सिलसिले में रविवार को राहत देने वाला आकड़ा सामने आया। शनिवार की बारिश के बाद रविवार को गाजियाबाद शहर के संजय नगर में पीएम 2.5 का स्तर 10 तक पहुंच गया, जबकि मानक 100 है। ऐसे में माना जा रहा है कि मौसम ही गाजियाबाद शहर को प्रदूषण से राहत पहुंचा सकता है। बारिश के बाद शहर की हवा साफ हो गई। एक्यूआई ग्रीन जोन में पहुंच गया। शहर का एक्यूआई रविवार को 86 दर्ज हुआ।
शहर का एक्यूआई शनिवार को येलो जोन में था। शनिवार को हुई बारिश के बाद शहर के एक्यूआई में कमी आई। रविवार को एक्यूआई ग्रीन जोन में पहुंच गया। मानकों के अनुसार शहर का एक्यूआई 100 होना चाहिए। इस वक्त एक्यूआई 100 से नीचे है। संजय नगर इलाके की हवा सबसे साफ है। यहां पर एक्यूआई 56 दर्ज किया गया है। यहां पर पीएम 10 का स्तर 51 और पीएम 2.5 का स्तर 52 दर्ज किया गया। सुबह चार बजे के आसपास पीएम 10 और पीएम 2.5 सबसे कम 18 और 10 तक पहुंच गया था। वहीं, वसुंधरा का एक्यूआई 61 दर्ज किया गया। यहां पर पीएम 10 और पीएम 2.5 का स्तर 61 रहा। सुबह छह बजे के आसपास पीएम 10 और पीएम 2.5 सबसे कम रहा। इस दौरान पीएम दस और पीएम 2.5 का स्तर 22 और 21 रहा। इंदिरापुरम का एक्यूआई 75 दर्ज किया गया। यहां पर पीएम दस और पीएम 2.5 का स्तर 58 और 51 दर्ज किया गया। यहां पर सुबह पांच बजे के आसपास सबसे कम 18 और 19 रहा। जबकि लोनी का एक्यूआई सबसे ज्यादा रहा। यहां पर एक्यूआई 101 रहा। यहां पर पीएम दस 75 और पीएम 2.5 का स्तर 64 दर्ज हुआ। यहां पर पीएम दस और पीएम 2.5 सबसे कम 26 और 25 दर्ज हुआ।
एक सप्ताह का एक्यूआई
तारीख एक्यूआई
01 मार्च 86
29 फरवरी 174
28 फरवरी 248
27 फरवरी 291
26 फरवरी 308
25 फरवरी 277
24 फरवरी 140
कितना खतरनाक है पीएम 2.5
पीएम 2.5 सेहत के लिए बेहद ही खतरनाक है। इसमें सल्फेट, नाइट्रेट और ब्लैक कार्बन होता है। यह सांस के साथ फेफड़ों और खून में चला जाता है। इसके उत्सर्जन से फेफड़े और दिल प्रभावित हो रहा है। इससे व्यक्ति की प्रतिरक्षा क्षमता भी प्रभावित हो रही है।
बोले अधिकारी
गाजियाबाद में पीएम 2.5 वाहनों के धुएं से बढ़ता है। संजय नगर में सुबह कोई ट्रैफिक नहीं था, इसलिए 2.5 दस तक पहुंच गया। ट्रैफिक से बढ़ने वाले प्रदूषण पर रोकथाम के तमाम उपाय किए जा रहे हैं। निकट भविष्य में प्रदूषण में कमी आएगी।
उत्सव शर्मा, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
बारिश ने किया कमाल, ग्रीन जोन में पहुंचा गाजियाबाद का एक्यूआई